द्विवेदी, रमेश चन्द्र
जिक्र ए फ़िराक़ मेरे नग्मों को नींद आती है
Jikra e फ़irāक़: mere nagmoan ko nīanda ātī hai
- नई दिल्ली वाणी प्रकाशन भारत 2008
- 92पृ0 cm.
9788181436580 (hbk) 150
96709
485, 18/03/2009, Vani Prakashan Textual
उर्दू साहित्य
O168,1M96:g, 152P8