| 000 | 01232nam a2200265Ia 4500 | ||
|---|---|---|---|
| 003 | OSt | ||
| 005 | 20220930094716.0 | ||
| 006 | a|||||r|||| 00| 0 | ||
| 007 | ta | ||
| 008 | 220926b |||||||| |||| 00| 0 hin d | ||
| 024 | _a126 | ||
| 037 | _cTheses | ||
| 040 |
_aCRL _cCRL _bhin |
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| 041 |
_2hin _ahin |
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| 100 | _aभारद्वाज, प्रवीन | ||
| 110 | _aदिल्ली विश्वविद्यालय. संकाय कला. हिन्दी विभाग | ||
| 245 | 0 |
_aसाठोत्तर महिला उपन्यासकारों के लेखन में युग चेतना के विविध आयाम _b 1960 से 1980 तक |
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| 246 | _aSāṭhottar mahilā upanyāsakāroan ke lekhan mean yug chetanā ke vividh āyāma: 1960 se 1980 taka | ||
| 260 | _c2011 | ||
| 650 | _aहिन्दी साहित्य | ||
| 700 | _a नवल, हरिश, गा. | ||
| 700 | _aदिल्ली विश्वविद्यालय. संकाय कला. हिन्दी विभाग | ||
| 942 |
_cDIS _2CC |
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| 999 |
_c887538 _d887538 |
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